रौशनी के 25 साल; छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी का रजत महोत्सव, सीपत में 30 जनवरी को भव्य आयोजन
बिजली सेवा के 25 गौरवशाली वर्षों का जश्न , जनजागरूकता और भविष्य की ऊर्जा योजनाओं पर रहेगा फोकस

सीपत (हिमांशु गुप्ता)। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी द्वारा प्रदेश गठन के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर रजत महोत्सव मनाया जा रहा है। इसी क्रम में सीपत विद्युत विभाग द्वारा 30 जनवरी को सीपत में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें विभागीय अधिकारी, कर्मचारी, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में उपभोक्ता शामिल होंगे। यह आयोजन न केवल विद्युत सेवाओं की उपलब्धियों का उत्सव होगा, बल्कि उपभोक्ताओं के साथ संवाद और भविष्य की योजनाओं की झलक भी प्रस्तुत करेगा।
कार्यक्रम में विद्युत विभाग की 25 वर्षों की उपलब्धियों, ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में विद्युत विस्तार, बेहतर सेवा प्रणाली, लाइन लॉस में कमी तथा उपभोक्ता सुविधाओं में हुए सुधारों पर प्रकाश डाला जाएगा। विभाग द्वारा समय-समय पर चलाई गई योजनाओं और तकनीकी उन्नयन की जानकारी भी साझा की जाएगी। इस अवसर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों और जागरूक उपभोक्ताओं को सम्मानित किए जाने की भी योजना है। साथ ही, विद्युत सुरक्षा, ऊर्जा संरक्षण और बिल भुगतान की डिजिटल सुविधाओं को लेकर जनजागरूकता संदेश भी दिए जाएंगे।सीपत विद्युत विभाग के सहायक अभियंता (्रश्व) कौशल जायसवाल ने रजत महोत्सव को विभाग के लिए गर्व का क्षण बताते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी के 25 वर्ष सेवा, समर्पण और विश्वास के प्रतीक हैं। सीपत क्षेत्र में हमने हर घर तक सुरक्षित और निर्बाध बिजली पहुंचाने का सतत प्रयास किया है।
उपभोक्ताओं का सहयोग और कर्मचारियों की मेहनत ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है। रजत महोत्सव केवल उत्सव नहीं, बल्कि यह संकल्प का अवसर भी है कि आने वाले वर्षों में हम और अधिक पारदर्शी, तकनीक-सक्षम और उपभोक्ता-हितैषी सेवाएं प्रदान करेंगे। उन्होंने क्षेत्रवासियों से कार्यक्रम में सहभागिता का आग्रह करते हुए कहा कि यह आयोजन विभाग और जनता के बीच विश्वास और संवाद को और मजबूत करेगा। रजत महोत्सव के इस आयोजन से सीपत में उत्साह का माहौल है। बिजली सेवा के क्षेत्र में 25 वर्षों की उपलब्धियों का यह उत्सव निश्चित रूप से विभाग के कर्मचारियों के मनोबल को बढ़ाने के साथ हीउ पभोक्ताओं के साथ संबंधों को और सुदृढ़ करेगा।




