राजधानी

स्वच्छता के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ की बड़ी उपलब्धि, रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा को मिलेगा राष्ट्रीय सम्मान

सफाई मित्रों की मेहनत, नगरीय निकायों के सतत प्रयास और नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से छत्तीसगढ़ ने राष्ट्रीय स्तर पर बनाई पहचान

रायपुर, 7 नवंबर। स्वच्छता के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 के अंतर्गत प्रदेश के तीन शहरों रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा का राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए चयन किया गया है। राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु आगामी 11 नवंबर को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित राष्ट्रीय सम्मान समारोह में इन तीनों शहरों को पुरस्कृत करेंगी। यह उपलब्धि प्रदेश में स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों, सफाई मित्रों के समर्पण और नागरिकों की सक्रिय भागीदारी का परिणाम है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा के नागरिकों, जनप्रतिनिधियों, नगरीय निकायों के अधिकारियों-कर्मचारियों तथा सफाई मित्रों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर आसीन राष्ट्रपति के हाथों छत्तीसगढ़ के तीन शहरों का सम्मानित होना पूरे प्रदेश के लिए गौरव और प्रसन्नता का विषय है। यह सम्मान उन हजारों सफाई मित्रों के परिश्रम का सम्मान है, जो प्रतिदिन हमारे शहरों को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए अथक मेहनत करते हैं। साथ ही यह उन जागरूक नागरिकों की सहभागिता का भी सम्मान है, जिन्होंने स्वच्छता को अपनी जिम्मेदारी समझकर इस अभियान को सफल बनाने में योगदान दिया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में स्वच्छ भारत अभियान ने देश में स्वच्छता के प्रति एक नई चेतना जागृत की है। आज स्वच्छता केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनभागीदारी से संचालित एक व्यापक जनआंदोलन का रूप ले चुकी है। छत्तीसगढ़ भी इसी संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है। हमारी सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के सभी शहरों में स्वच्छता की बेहतर व्यवस्था हो, नागरिकों को स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण मिले तथा स्वच्छता के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी की भावना और मजबूत हो।
केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने राज्य सरकार को पत्र भेजकर रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा के राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए चयन की औपचारिक जानकारी दी है। मंत्रालय के सचिव सतेंद्र सिंह ने राज्य में संचालित स्वच्छता गतिविधियों और नागरिक सहभागिता की सराहना करते हुए इन शहरों के प्रयासों को महत्वपूर्ण बताया है।
मंत्रालय द्वारा भेजे गए पत्र में उल्लेख किया गया है कि स्वच्छ भारत के लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में नागरिकों की सहभागिता और नगरीय निकायों के प्रयासों की महत्वपूर्ण भूमिका है। छत्तीसगढ़ के तीन शहरों का राष्ट्रीय स्तर पर चयन यह दर्शाता है कि स्वच्छता के क्षेत्र में निरंतर प्रयास और सामूहिक भागीदारी से उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं।
स्वच्छ सर्वेक्षण के दसवें संस्करण में इन तीन शहरों को मिलने वाली राष्ट्रीय पहचान प्रदेश के अन्य नगरीय निकायों को भी स्वच्छता के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करेगी। यह उपलब्धि छोटे और बड़े सभी शहरों के लिए प्रेरणादायक है कि दृढ़ इच्छाशक्ति, बेहतर प्रबंधन और जनसहयोग से स्वच्छता के क्षेत्र में राष्ट्रीय पहचान बनाई जा सकती है।
स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 की थीम ‘स्वच्छता की नई पहल – बढ़ाएं हाथ, करें सफाई साथ’ रखी गई है। यह थीम स्वच्छता के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी, जनजागरूकता और नागरिक सहभागिता के महत्व को रेखांकित करती है।
रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा का राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए चयन इस बात का प्रमाण है कि स्वच्छता के प्रयासों को प्रभावी बनाने में प्रशासनिक व्यवस्थाओं के साथ-साथ आम नागरिकों का सहयोग भी अत्यंत आवश्यक है। नगरीय निकायों के अधिकारियों-कर्मचारियों, स्वच्छता कार्यों में लगे मैदानी अमले और सफाई मित्रों के निरंतर प्रयासों ने इन शहरों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
शहरों में साफ-सफाई की नियमित व्यवस्था, स्वच्छता के प्रति जागरूकता और नागरिकों की भागीदारी जैसे प्रयास स्वच्छ एवं स्वस्थ शहरी जीवन की मजबूत आधारशिला हैं। राष्ट्रीय स्तर पर मिली यह सफलता इन प्रयासों को और व्यापक बनाने का अवसर प्रदान करेगी।
नई दिल्ली में आयोजित होने वाले राष्ट्रीय सम्मान समारोह की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह भी होगी कि स्वच्छता व्यवस्था को धरातल पर सफल बनाने वाले सफाई मित्रों और मैदानी कर्मचारियों की भागीदारी को विशेष महत्व दिया जाएगा। केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने राज्य तथा चयनित शहरों के प्रतिनिधिमंडलों में सफाई मित्रों, स्वच्छता निरीक्षकों, पर्यवेक्षकों, अभियंताओं और स्वच्छता मिशन के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले प्रतिनिधियों को शामिल करने के लिए आमंत्रित किया है। पुरस्कार प्राप्त करने वाले प्रत्येक शहर से चार प्रतिनिधियों को मंच पर सम्मान ग्रहण करने का अवसर मिलेगा।
यह पहल स्वच्छता के क्षेत्र में प्रतिदिन कार्य करने वाले उन कर्मयोगियों के योगदान को राष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाएगी, जिनकी मेहनत से शहरों की स्वच्छता व्यवस्था संचालित होती है। सम्मान समारोह में केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल तथा केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू भी उपस्थित रहेंगे।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि हमारी सरकार के लिए स्वच्छता केवल किसी प्रतियोगिता या सर्वेक्षण में बेहतर स्थान प्राप्त करने तक सीमित नहीं है। यह नागरिकों के स्वास्थ्य, सम्मान और जीवन की गुणवत्ता से सीधे जुड़ा विषय है। स्वच्छ शहरों में नागरिकों को बेहतर वातावरण मिलता है और स्वस्थ समाज के निर्माण की दिशा में मजबूत आधार तैयार होता है।
उन्होंने कहा कि स्वच्छता की जिम्मेदारी केवल नगरीय निकायों या सफाई कर्मचारियों की नहीं, बल्कि हम सभी की है। जब नागरिक अपने घर, मोहल्ले, बाजार और सार्वजनिक स्थानों की स्वच्छता के प्रति जागरूक होते हैं, तभी स्वच्छता के प्रयास स्थायी और प्रभावी बनते हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा की उपलब्धि से पूरे छत्तीसगढ़ को नई प्रेरणा मिली है। अब हमारा प्रयास होना चाहिए कि प्रदेश का प्रत्येक शहर स्वच्छता के क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान बनाए। बड़े नगरों के साथ छोटे नगरीय निकायों में भी स्वच्छता व्यवस्था को निरंतर बेहतर बनाना हमारी प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छ भारत के संकल्प को साकार करते हुए छत्तीसगढ़ को स्वच्छ, सुंदर, स्वस्थ और विकसित राज्य बनाने के लिए हमारी सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। इस राष्ट्रीय उपलब्धि को हम अपने प्रयासों को और गति देने के अवसर के रूप में देख रहे हैं।
उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा के राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए चयन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए तीनों नगरीय निकायों की टीमों, जनप्रतिनिधियों, सफाई मित्रों और नागरिकों को बधाई दी है।
श्री साव ने कहा कि स्वच्छ सर्वेक्षण में छत्तीसगढ़ के तीन शहरों का राष्ट्रीय स्तर पर चयन प्रदेश के नगरीय प्रशासन के लिए उत्साहवर्धक उपलब्धि है। यह सफलता बताती है कि स्थानीय निकायों की सक्रियता, सफाई मित्रों की मेहनत और नागरिकों के सहयोग से स्वच्छता के क्षेत्र में उल्लेखनीय परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि हमारी सरकार का संकल्प है कि स्वच्छता किसी विशेष अभियान या सर्वेक्षण की अवधि तक सीमित न रहे, बल्कि शहरों की नियमित कार्यसंस्कृति और नागरिकों की दैनिक जीवनशैली का अभिन्न हिस्सा बने। इसके लिए नगरीय निकायों को निरंतर बेहतर कार्य करने और जनभागीदारी को मजबूत बनाने की दिशा में प्रोत्साहित किया जा रहा है।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने विश्वास व्यक्त किया कि रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा को मिलने वाला राष्ट्रीय सम्मान प्रदेश के अन्य नगरीय निकायों को भी स्वच्छता के क्षेत्र में नई पहल करने और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करेगा।
स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 में रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा को राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए चुना जाना छत्तीसगढ़ की शहरी स्वच्छता व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। यह सम्मान जहां स्वच्छता के क्षेत्र में अब तक किए गए प्रयासों को राष्ट्रीय पहचान प्रदान करेगा, वहीं आने वाले समय में स्वच्छता व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में नई जिम्मेदारी का भी अहसास कराएगा।
प्रदेश के तीन शहरों को एक साथ राष्ट्रीय सम्मान मिलने से अन्य नगरीय निकायों में भी सकारात्मक प्रतिस्पर्धा और बेहतर कार्य करने की भावना को बल मिलेगा। स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता, नागरिक सहभागिता और सफाई मित्रों के योगदान को केंद्र में रखते हुए छत्तीसगढ़ स्वच्छ, स्वस्थ और सुविधाजनक शहरों के निर्माण की दिशा में आगे बढऩे के लिए संकल्पित है।

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