खम्हरिया में महिलाओं का हल्ला बोल; शराब भट्टी के विरोध में उमड़ा जनसैलाब
नशामुक्त गांव हमारा संकल्प, बसस्टैंड पर भट्टी खोलने के खिलाफ महिलाओं में जबरदस्त आक्रोश , शासन को सौंपा ज्ञापन

सीपत (हिमांशु गुप्ता)। गांव-गांव को नशामुक्त बनाने के उद्देश्य से अब महिलाओं ने मोर्चा संभाल लिया है। खम्हरिया क्षेत्र में शासन द्वारा शराब दुकान खोलने की तैयारी के विरोध में गुरुवार को आसपास के गांवों की सैकड़ों महिलाओं ने सडक़ों पर उतरकर एकजुट आवाज बुलंद की। लुतरा, सोंठी, उड़ागी, मड़ई, जुहली और बनियाडीह ग्रामों की महिलाएं बड़ी संख्या में खम्हरिया पहुंचीं और शराब बंदी लाओ-गांव बचाओ के नारे के साथ रैली निकालते हुए पूरे ग्राम का भ्रमण किया। महिलाओं ने कहा कि अब गांव को नशामुक्त बनाने की यह मुहिम रुकेगी नहीं। उन्होंने शराब के बढ़ते दुष्प्रभावों को लेकर ग्रामीणों को जागरूक किया और शासन से मांग की कि प्रस्तावित शराब भट्टी का स्थल तत्काल निरस्त किया जाए।
महिलाओं ने कहा : नशे के सौदागरों को अब नहीं बख्शेंगे
ग्राम पंचायत खम्हरिया की सरपंच श्रीमती श्वेता शैलेन्द्र खांडेकर ने कहा कि आज गांव की महिलाएं सजग हैं, लेकिन हर किसी को यह समझना होगा कि शराब से केवल परिवार नहीं, पूरा समाज बर्बाद होता है। भट्टी खुलने से पहले हमें जागरूकता के माध्यम से ही गांव को बचाना होगा। मड़ई सरपंच फिरत अनंत ने कहा कि जब नारी शक्ति जागृत होती है, तो हर बदलाव संभव होता है। उन्होंने कहा कि आज नशे के सौदागर बहुत ताकतवर हो गए हैं, लेकिन जनता की एकजुटता से ही इस बुराई को खत्म किया जा सकता है। इस दौरान सोंठी सरपंच नीमा वस्त्रकार, लुतरा सरपंच चंद्रमणि मेरावी, उड़ागी सरपंच खगेश्वरी भारती, जुहली सरपंच चंदेश्वरी त्रिभुवन सिंह पोर्ते, और बनियाडीह सरपंच कविता सिदार ने भी एक स्वर में कहा कि शासन द्वारा भट्टी खोलना ग्रामीणों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ है।
बस स्टैंड पर शराब भट्टी का विरोध; कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
खम्हरिया बस स्टैंड चौक पर शराब भट्टी खुलने की खबर ने क्षेत्र में आक्रोश फैला दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि यह स्थान पूरी तरह सार्वजनिक और रिहायशी इलाका है, जहां पास ही हायर सेकेंडरी स्कूल, बैंक, हॉस्पिटल और कई शासकीय संस्थाएं संचालित हैं। यहां सुबह-शाम भीड़ रहती है, छात्र-छात्राओं और महिलाओं का आना-जाना लगा रहता है। ऐसे में यदि इस स्थान पर शराब दुकान खोली जाती है तो कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ सकती है। ग्राम पंचायत खम्हरिया की सरपंच ने ग्रामवासियों की ओर से कलेक्टर को आवेदन पत्र भेजकर प्रस्तावित शराब दुकान स्थल को तत्काल रद्द करने की मांग की है।
ज्ञापन सौंपते हुए जताई आपत्ति
गुरुवार को मौके पर पहुंचे नायब तहसीलदार देश कुमार कुर्रे को ग्रामीणों ने ज्ञापन सौंपा और कहा कि शासन यदि इस स्थल पर शराब भट्टी खोलता है तो लोग सडक़ पर उतरकर उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों ने प्रशासन से वैकल्पिक स्थल तलाशने की अपील की है।
जनांदोलन में बड़ी संख्या में महिलाएं और जनप्रतिनिधि रहे शामिल
इस अवसर पर जनपद सदस्य देवेश शर्मा, खम्हरिया सरपंच श्वेता शैलेन्द्र खांडेकर, सोंठी सरपंच नीमा वस्त्रकार, मड़ई सरपंच फिरत अनंत, लुतरा सरपंच चंद्रमणि मेरावी, उड़ागी सरपंच खगेश्वरी भारती, जुहली सरपंच चंदेश्वरी पोर्ते, बनियाडीह सरपंच कविता सिदार, खम्हरिया उपसरपंच बुधवारा बाई साहू, लुतरा पंच नारायण सिंह मेरावी, ईश्वर सिंह, बिधुन सिंह, परशराम कैवर्त, संतोष साहू सहित सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।



